उत्तर बिहार का सबसे बड़ा अस्पताल दरभंगा डीएमसीएच अपनी लचर व्यवस्था को लेकर एक बार फिर सुर्खियों में है. अस्पताल के ऑर्थोपेडिक डिपार्टमेंट की बिल्डिंग पूरी तरह से खंडहर हो चुकी है, जिससे मरीजों की सुरक्षा खतरे में है. मरीजों और उनके परिजनों का कहना है कि अस्पताल में इलाज कराने के दौरान उन्हें हर वक्त डर बना रहता है कि कहीं बिल्डिंग गिर ही न जाए या कोई हादसा न हो जाए.


मरीजों को लाने, ले जाने की नहीं कोई व्यवस्था
मधुबनी से आए एक मरीज के परिजन ने कहा कि वे ऑपरेशन के लिए डीएमसीएच आए हुए हैं लेकिन यहां व्यवस्था सही नहीं है. रुकने के लिए डीएमसीएच प्रशासन ने कहीं और जगह दी है और ऑपरेशन थिएटर कहीं और है. यहां मरीज को लाने और ले जाने के लिए कोई सुविधा नहीं है.

बिल्डिंग की हालत खराब
ऑर्थोपेडिक डिपार्टमेंट की बिल्डिंग की हालत बहुत खराब है. इसकी छत से पानी टपक रहा है और इसकी तीसरे फ्लोर टूटी हुई है. मरीजों को ले जाने और लाने में किसी भी वक्त हादसा हो सकता है. मरीजों ने कहा कि वे गरीब हैं इलाज के लिए आए हैं क्योंकि उनके पास कोई विकल्प नहीं है पर मन में हादसे का डर हर वक्त रहता है.


डीएमसीएच प्रशासन की लापरवाही
डीएमसीएच प्रशासन की लापरवाही के कारण मरीजों को परेशानी हो रही है. अस्पताल के अधिकारियों से कई बार शिकायत की गई है लेकिन अभी तक कोई कार्रवाई नहीं हुई है. मरीजों और उनके परिजनों ने डीएमसीएच प्रशासन से मांग की है कि उन्हें बेहतर सुविधाएं प्रदान की जाएं.
समाधान की दिशा में कदम


क्या कहना है अधिकारियों का
डीएमसीएच प्रशासन का कहना है कि उन्होंने मरीजों की समस्या को गंभीरता से लिया है और समाधान की दिशा में कदम भी उठाए हैं. अस्पताल के अधिकारियों ने बताया कि जल्द ही ऑर्थोपेडिक डिपार्टमेंट को नई बिल्डिंग में शिफ्ट करने का प्रयास किया जाएगा और मरीजों को बेहतर सुविधाएं दी जाएंगी. देखना ये है कि ये काम कब तक हो पाता है और मरीजों को कब तक राहत मिल पाती है.

