
MOTIHARI : पूर्वी व पश्चिमी चंपारण समेत नेपाल के कई इलाकों में हाल के दिनों में आ’तंक का पर्याय बना शातिर अप’राधकर्मी कुणाल सिंह के दो खास शा’गिर्द शनिवार को मोतिहारी पुलिस के ह’त्थे चढ़ गये. पुलिस ने दोनों अप’राधियों को कल्याणपुर के बखरी बरवा गांव से गिर’फ्तार किया है. पुलिस के ह’त्थे चढे़ दोनों अप’राधियों की पहचान पीपराकोठी थाना क्षेत्र के पकडी़ महुआवा निवासी विवेक सिंह और कुडिया निवासी पुष्कर सिंह के रुप में की गई है.

तलाशी के दौरान पुलिस को उनके पास से लो’डेड पि’स्तौल, चा’कू, बाइक और पांच मोबाइल फोन बरा’मद किया है. मोतिहारी पुलिस दोनों की गिर’फ्तारी को एक बड़ी उपलब्धि मान रही है. छा’पेमारी टीम का नेतृत्व चकिया डीएसपी शैलेंद्र कुमार कर रहे थे. जबकि गठित पुलिस टीम में इंस्पेक्टर सह चकिया थानाध्यक्ष संजय कुमार सिंह, पीपरा थानाध्यक्ष संतोष कुमार, कल्याणपुर थानाध्यक्ष रवि रंजन व सश’स्त्र पुलिस बल शामिल थे.

मोतिहारी पुलिस अधीक्षक उपेंद्र कुमार शर्मा ने गिर’फ्तारी की बाबत पत्रकारों को संबोधित करते हुए बताया कि पकड़े गए दोनों अप’राधी जे’ल में बंद शातिर अप’राधी कुणाल सिंह के खास शा’गिर्द हैं. दोनों अप’राधी बीते 18 जून को बंगरी रेलवे गुमटी के समीप सीएसपी संचालक कर्मी सुनिल की ह’त्या व लू’टकांड में शामिल थे. इसके उपरांत 20 जून को दिन दहाड़े आदापुर बाजार में कपड़ा व्यवसायी के दुकान पर धा’वा बोल पिस्तौल के नोक पर छह लाख रुपये लू’ट लिया था.

इस घटना में पुलिस द्वारा खदे’ड़ने के क्रम में बदमाशों ने गो’लीबारी भी की थी, जिसमें चौकीदार ज’ख्मी हो गया था. पुलिस अधीक्षक श्री शर्मा ने जानकारी देते हुये पत्रकारों को बताया कि गत 3 जून को चकिया थाना क्षेत्र के बांसघाट के समीप स्वर्ण व्यवसायी की बाइक लू’ट को अंजाम दिया था. जबकि इसके पूर्व 25 मई को चकिया के बांसघाट पर हथि’यार के बल पर एक व्यवसायी से 2.17 लाख रुपये लू’ट लिये थे. उन्होंने बताया कि इस पूरे घटना की सा’जिश मोतिहारी केंद्रीय कारा में रची गई थी. जे’ल में कुछ अप’राधियों को चिन्हित किया गया है. जल्द ही उन्हें न्यायालय से अनुमति प्राप्त कर रि’मांड पर लेकर पूछताछ किया जाएगा.

कुणाल सिंह (फाईल फोटो)
गौरतलब हो कि पूर्वी व पश्चिमी चम्पारण समेत नेपाल में आ’तंक का पर्याय माना जाने वाला कुणाल सिंह की गिर’फ्तारी 29 दिसंबर 2017 को मोतिहारी एसपी उपेंद्र कुमार शर्मा और बेतिया एसपी विनय कुमार के नेतृत्व में पुलिस टीम ने मुजफ्फरपुर जिले के साहेबगंज थाने के पहाड़पुर मनोरथ गांव के सुधीर सिंह के बथान से की थी. पुलिस पूछताछ के क्रम में उसने कई राज खोले थे.

11 मई 2017 को बेतिया कोर्ट में हुई शातिर बबलू दुबे की ह’त्या और 3 जुलाई 2017 को रक्सौल के कैंब्रिज स्कूल परिसर में ए’के-47 से की गई फा’यरिंग समेत कई राज का खुलासा किया था. इससे पूर्व 27 मार्च 2017 को पे’शी के दौरान हथ’कड़ी छुड़ाकर भा’ग निकला था. कुणाल सिंह के बढ़ते दह’शत को देखते हुये जिला पुलिस ने उसके नाम पर पचास हजार रुपये के इनाम की घोषणा करने का प्रस्ताव सरकार को भेजा था, पर किन्हीं कारणोंवश प्रस्ताव मंजूर नहीं हो पाया था.

