आरोप है कि 28 अप्रैल वर्ष 2019 को विवाहिता के साथ उसके पति शमशाद समेत ससुराल पक्ष के लोगों ने मारपीट की और उसे दहेज के लिए प्र’ताड़ित किया। मा’मले को लेकर काउंसलिंग महिला हेल्प लाइन ज्वालापुर में चल रही थी। 27 अगस्त को दोनों पक्षों की सु’नवाई हेल्प लाइन थी। आरोप है कि शमशाद ने शाहीन जहां को अपने साथ ले जाने से इनकार कर दिया। दोनों पक्ष महिला हेल्प लाइन से बाहर निकले और ज्वालापुर कोतवाली परिसर में पहुंचे। आरोप है कि वहां शमशाद ने शाहीन जहां को तीन बार तलाक बोलकर छोड़ दिया।
आरोप है कि सास हसीना, देवर नौशाद और दिलशाद ने कोतवाली परिसर में ही विवाहिता के साथ मा’रपी’ट की। मा’मले की शि’कायत मिलने के बाद पुलिस ने शुक्रवार को आरोपी पति इरशाद, सास हसीना और देवर नौशाद, दिलशाद के खि’लाफ मुक’दमा दर्ज कर लिया है। कोतवाली प्रभारी योगेश देव ने बताया कि पति इरशाद के खिलाफ मुस्लिम महिला (विवाह पर अधिकारों की सुरक्षा) अध्यादेश-2019 की धारा 3 और 4, और सास, देवरों के खि’लाफ आईपीसी की कई धाराओं में मु’कदमा दर्ज किया है।

