
सप्ताह में दो दिन बुधवार और शनिवार को मॉक टेस्ट देकर छात्र अपनी तैयारी का आकलन कर पाएंगे। जिस चैप्टर में उन्हें परेशानी होगी। उसका हल उन्हें रिवीजन क्लास में करवाया जायेगा। बिहार शिक्षा परियोजना परिषद ने इकोवेशन संस्थान के साथ मिलकर क्रैश कोर्स की डिजाइन तैयार की है। स्कूलों को क्रैश कोर्स की डिजाइन 25 दिसंबर तक उपलब्ध करवा दी जायेगी। बिहार शिक्षा परियोजना परिषद द्वारा मैट्रिक के सात विषयों को क्रैश कोर्स में शामिल किया गया है। इनमें पांच मुख्य विषयों के अलावा संस्कृत और उर्दू भी हैं। इकोवेशन के रितेश कुमार ने बताया कि इसमें 15 मॉक टेस्ट आयोजित होंगे। क्रैश कोर्स का फायदा केवल उन्हीं छात्रों को मिलेगा जो स्कूल आएंगे। क्रैश कोर्स का मॉड्यूल केवल स्कूल के लिए बनाया गया है।


