
मुख्यमंत्री कहा है कि बिहार की हर लड़की को कम से कम बारहवीं तक की शिक्षा दी जाएगी। इसके लिए हर पंचायत में उच्च माध्यमिक विद्यालय खोले जा रहे हैं। छह हजार से अधिक पंचायतों में विद्यालय की स्थापना की जा चुकी है। अगले वर्ष अप्रैल से सूबे की हर पंचायत में नौवीं की पढ़ाई शुरू हो जाएगी। 12 वीं के बाद के लिए पैसे के अभाव में किसी की पढ़ाई नहीं रुके, इसलिए ही हमने स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड योजना की शुरुआत की है। बालिका शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए सरकार की पोशाक व साइकिल योजनाओं के कारण आज पूरा परिदृश्य बदल चुका है। बिहार के हाईस्कूलों में आज छात्र व छात्राओं की संख्या लगभग बराबर हो गई है। उन्होंने कहा कि वे पिछले 14 वर्षों से न्याय के साथ विकास के संकल्प के साथ हर तपके व समाज के विकास में जुटे हैं।

