मुजफ्फरपुर। डीटीओ के तबादले के बाद डीटीओ कार्यालय में लर्निंग और फाइनल लाइसेंस के करीब एक हजार आवेदन लंबित होने लोग परेशान है। साथ ही लर्निंग लाइसेंस जेनरेट होने का काम बंद हो गया।

इसके अलावा करीब पांच सौ पुराने लाइसेंस को स्मार्ट कार्ड में कनवर्जन के आवेदन भी लंबित है। वहीं पांच सौ से अधिक गाड़ी ट्रांसफर व लोन कैंसिलेशन के आवेदन लंबित पड़ा है। इसके कारण प्रतिदिन कार्यालय में वाहन मालिक आकर निराश होकर लौट जाते है।

सबसे अधिक परेशान पुराने ड्राइविंग लाइसेंस धारक है, क्योंकि उन्होंने अपने किताब वाले पुराने ड्राइविंग लाइसेंस की मूल कॉपी कार्ड में बदलने के लिए कार्यालय में जमा करा दी है। न तो उनका स्मार्ट कार्ड बना है और ना ही उनके पास पुराने लाइसेंस की मूल कॉपी है।

ऐसे में फोटोकॉपी लेकर वाहन जांच के दौरान जांच पदाधिकारी उन्हें परेशान करते है। हालांकि, लर्निंग लाइसेंस का आवेदन, चालान काटने व स्लॉट बुकिंग का काम चालू है।

बताया जाता है कि तत्कालीन डीटीओ ने एमवीआइ को अपना प्रभार सौंप दिया है, लेकिन, कार्यालय में अधिकतर काम दो अधिकारियों के लॉगिन से होकर पास होता है। ऐसे में जब तक नए डीटीओ ज्वाइंन नहीं करते तब तक काम लंबित रहेगा। सौजन्य: प्रभात खबर
