पटना। बिहार में शराब मा’फियाओं के वि’रुद्ध मनी लांड्रिंग का भी के’स चलेगा। इस बाबत पुलिस मुख्यालय ने जिलों के अधिकारियों से चिह्नित किए गए शराब मा’फियाओं का प्रस्ताव मांगा है, जिन पर प्रिवेंशन आफ मनी लांड्रिंग एक्ट के अधीनियम के तहत का’र्रवाई की जाएगी।
बिहार पुलिस मुख्यालय में समन्वय समिति की बैठक में इस बाबत निर्देश जारी किया गया। इसमें सभी क्षेत्र के आइजी-डीआइजी के साथ जिलों के एसएसपी व एसपी भी वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से जुड़े थे।
डीजीपी एसके सिंघल ने क्षेत्रीय पुलिस अधिकारियों से मद्य निषेध अधिनियम के कां’डों में वांछित अ’भियुक्तों की सूची तलब की। कहा कि फरवरी माह में जितने अ’भियुक्तों की गि’रफ्तारी की गई है, मार्च में उससे तीन गुणा अधिक गि’रफ्तारी का लक्ष्य तय करें।
जिलों में बनी एंटी लिकर टास्क फोर्स (एएलटीएफ) मद्यनिषेध का’र्रवाई की पहली कड़ी है। ऐसे में मद्य निषेध प्रभाग के काल सेंटर से सीधी काल एंटी लीकर टास्क फो’र्स को दी जाए ताकि और त्वरित और कारगर का’र्रवाई हो सके।
डीजीपी ने डीआइजी और आइजी को एंटी लीकर टास्क फोर्स और वज्र टीम के कार्यों की समीक्षा की जिम्मेदारी दी। एएलटीएफ के पदाधिकारियों को सरकारी मोबाइल तथा सिम दिए जाने के संबंध में भी विमर्श हुआ।



