मुजफ्फरपुर। बीआरए बिहार विश्वविद्यालय के नाम पर फर्जी डिग्री का मामला रुकने का नाम नहीं ले रहा है। इसबार विवि की फर्जी डिग्री पर प्रैक्टिस कर रहे दिल्ली के दो चिकित्सकों को पकड़ा गया है। दिल्ली के अशोकनगर थाने में दोनों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है।
दोनों का प्रमाणपत्र विवि में सत्यापन के लिए भेजा गया है। जानकारी के अनुसार अशोकनगर थाना अंतर्गत दोनों चिकित्सक बैचलर आफ आयुर्वेद मेडिसिन एंड सर्जरी (बीएएमएस) की फर्जी डिग्री पर प्रैक्टिस कर रहे थे। मामला संज्ञान में आने के बाद दोनों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करते हुए विवि को सत्यापन के लिए भेजा गया है।
सात दिनों के भीतर दोनों की रिपोर्ट सत्यापन कर भेजी जाएगी। बता दें कि पिछले वर्ष नवंबर में पंजाब के गुरदासपुर में विवि की बीसीए की फर्जी डिग्री पकड़ी गई थी। वहीं अगस्त में छत्तीसगढ़ के रायपुर में बीआरएबीयू के नाम पर जारी फर्जी डिग्री के आधार पर विभिन्न अस्पतालों में नौकरी और कोशिश में लगे 10 लोगों के पास से बीएएमएस की फर्जी डिग्री पकड़ी गई थी।
उनके खिलाफ प्राथमिकी दर्ज हुई थी। बीआरए बिहार विश्वविद्यालय के नाम पर प्रमाणपत्र में छेड़छाड़ के मामले में तत्कालीन सहायक अमरेश कुमार को पुलिस ने पिछले महीने गिरफ्तार किया है।
इसपर बीएएमएस और बीएचएमएस के करीब 300 विद्यार्थियों के परिणाम में छेड़छाड़ का आरोप था। मामले में अन्य संदिग्धों का भी रिकार्ड पुलिस खंगाल रही है।
