मुजफ्फरपुर। विवि में एक महीने से ऑडिट कर रही टीम को मैनेज करने के नाम पर कॉलेज के प्राचार्यों से मांगी जा रही राशि की आंच विवि के पदाधिकारी तक पहुंचती दिख रही है। यह मामला प्रमुखता से आने के बाद एक प्राचार्य से एक पदाधिकारी की ओर से पैसे की मांग करने और आकर मिलने की बात कहते हुए आडियो सामने आया है।
इसमें विवि के पदाधिकारी के रूप में बात कर रहे व्यक्ति की ओर से तीन लाख रुपये की मांग की जा रही है। साथ ही शीघ्र आकर मिलने को कहा जा रहा है। दूसरी ओर आडिट टीम को मैनेज करने के नाम पर पैसे मांगे जाने की बात सामने आने पर तिरहुत शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र से एमएलसी डा. संजय कुमार सिंह ने इसकी उच्चस्तरीय जांच की मांग उठाई है।
उन्होंने कहा, यदि विवि के किसी पदाधिकारी की ओर से पैसे की मांग की गई है तो यह ज’घन्य अ’पराध है। उन्होंने राजभवन को संज्ञान लेते हुए इसकी उच्चस्तरीय जांच की मांग की है।
विदित हो कि एक दिन पूर्व विवि के कई अधिकारियों ने भी इस मामले की पुष्टि की थी। स्वीकार किया कि उन्हें भी प्राचार्यों की ओर से इसकी जानकारी दी गई है।
अधिकारी की ओर से पैसे की मांग करने के बाद भयादोहन से एक-दो कालेजों के प्राचार्यों ने राशि दे भी दी है। जिन कालेजों ने राशि नहीं दी है, उन्हें अब भी फोन कर शीघ्र मिलने को कहा जा रहा है। अपनी ग’र्दन फं’सने के भ’य से सभी प्राचार्य खुलकर सामने नहीं आ रहे हैं। हालांकि, कई प्राचार्यों ने अंदरखाने में इस मामले को रखा है।
