पटना :ज्यादातर साइबर ठगी के मामले में शातिर पीड़ित के खाते से दूसरे अकाउंट में रकम ट्रांसफर कर निकासी कर लेते है। अक्सर साइबर ठग पूरा खाता ही खाली कर देते हैं, चाहे उसमें हजार रुपए हों या लाख रुपए। लेकिन पटना में एक ऐसा मामला सामने आया, जिसे सुनकर पुलिस भी दंग रह गई। पटना के ये साइबर ठग बड़े संतोषी हैं।
मूवी की टिकट कटाए और नाश्ता खरीदा
पटना के ये साइबर ठग खाते से उतनी ही रकम निकाल रहे हैं, जितने की इन्हें जरूरत है। अब शातिर मौज-मस्ती और मूवी की टिकट बुकिंग के लिए भी खाते में सेंधमारी कर रहे हैं। पीड़ित के खाते से ही मूवी के दौरान नाश्ते का भुगतान भी कर दे रहे हैं।
कस्टमर केयर का नंबर ढूंढना पड़ा भारी
आरपीएस मोड़ निवासी पंकज कुमार ने 10 दिन पहले गूगल सर्च कर कस्टमर केयर का नंबर ढूंढा था। जो नंबर मिला, उस पर फोन करते हुए लोन अकाउंट हटाने का अनुरोध किये थे। उसके बाद दूसरे नंबर से फोन आया। एनी डेस्क एप डाउनलोड करने को कहा गया।
पेटीएम और फोनपे की डिटेल चुराकर ठगी
साथ ही, उसी नंबर से वाट्सएप पर एक लिंक भेजा गया। कुछ देर बाद शातिर ने उनके पेटीएम और फोन पे का डिटेल चुरा लिया। कुछ देर बाद उनके खाते से अलग अलग नाम के अकाउंट में एक रुपये लेकर 5 हजार रुपये ट्रांसफर करने का प्रयास किया गया।
दो बार बुक किया मूवी का टिकट
दूसरे दिन रात में पीड़ित के पेटीएम पोस्टपैड लोन एकाउंट से करीब 38 सौ रुपये के सिनेमा टिकट खरीदे गए। दो हजार रुपये पेटीएम से गूगल पे में ट्रांसफर कर दिया। पेटीएम से रुपये कटने का मैसेज देख पीड़ित ने कस्टमर केयर नंबर पर फोन करके रात में ही अकाउंट से ट्रांजेक्शन बंद करा दिया। तीसरे दिन फिर रात में 9 बजे उनके अकाउंट से 2568 रुपये का सिनेमा टिकट बुक किया गया। टिकट बुकिंग के दो घंटे बाद फिर शातिर ने किसी अन्य के खाते में 24 सौ रुपये भेज ट्रांसफर कर दिया।
टिकट कैंसिल का फोन कर उड़ा दिए 2.95 लाख
गर्दनीबाग निवासी मनोज कुमार को अंजान नंबर से फोन आया। फोन करने वाले ने बताया कि आपका फ्लाइट का टिकट कैंसिल हो गया। फिर से बुकिंग चाहते हैं तो इसके लिए एक एप डाउनलोड करना होगा। उन्होंने जैसे ही एप डाउनलोड किया, शातिर ने उनके खाते से चार बार में 2 लाख 95 हजार रुपये उड़ा दिए। उन्होंने गर्दनीबाग थाने में केस किया है।


