मुजफ्फरपुर : अंतिम समय में पैक्सों में खरीदारी तेज होते ही खुले बाजार में धान के मूल्य में प्रति क्विंटल 250 रुपये तक की वृद्धि हो गई है। शुरुआत में 1600 सौ रुपये क्विटल का दाम देने वाले व्यापारी अब 1850 रुपये प्रति क्विटल धान खरीद रहे हैं। जिला सहकारिता पदाधिकारी विरेन्द्र शर्मा ने बताया कि पहले व्यापारी किसानों से औने-पौने में धान खरीदार रहे थे, जिससे किसानों को नुकसान हो रहा था, मगर अब उन्हें नुकसान नहीं होगा।
इजो किसान पहले कम कीमत में धान बेच लिए, वे अब अफसोस कर रहे हैं। इनमें ज्यादतार छोटे और मध्यम किसान हैं। व्यापारियों की मानें तो आने वाले कुछ दिनों में कीमत और बढ़ सकती है। वर्तमान में बड़े किसान एवं बड़े व्यापारियों के पास ही धान बचा है। इस बार धान का काफी उत्पादन हुआ है, बावजूद सरकारी समर्थन मूल्य का लाभ किसान को नहीं मिल पाया।
कीमत बढ़ने से बड़े किसानों की जगी उम्मीद
बोचहां बल्थी रसूलपुर के किसान कुंदन इससे अधिक खुले बाजार में दाम मिल कुमार ने बताया कि मुझे दो सौ क्विटल जाएगा। सर्फुद्दीनपुर के किसान धान बेचना है। स्थानीय पैक्स प्रति शिवनाथ सहनी ने बताया कि 15 दिन क्विटल धान पर पांच किलो अतिरिक्त पूर्व जो व्यापारी 1550 से 1600 रुपये। सुखवन और 180 रुपये विभागीय खर्च क्विटल कीमत लगा रहे थे, आज वे के नाम पर मांग कर रहे हैं। अगर पूरी 1800 से 1850 रुपये देने को तैयार कटौती कर दी जाए तो 1875 रुपये हैं। कीमत में बढ़ोतरी होने से किसानों धान की कीमत हो जाती है, जबकि की उम्मीद जगी है।
पैक्स में धीमी खरीदारी से किसानों को घाटा
किसान भोलानाथ झा ने बताया कि पैक्स में खरीदारी समय से नहीं होने और धीमी गति से क्रय होने से किसानों को घाटा लगा है। मुझे खुद 16 सौ रुपये प्रति क्विटल धान बेचना पड़ा। एक नवम्बर से धान खरीद शुरू हुई और 15 फरवरी तक खरीद की आखिरी तिथि है। अगर समय से धान खरीद की गई होती तो किसानों को बिचौलियों के हाथों औने- पौने दाम में धान बेचना नहीं पड़ता।



