बिहार में राजनीतिक हलचल तेज है और इस बीच राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव ने अपने बेटे व डिप्टी सीएम तेजस्वी यादव को राबड़ी देवी के आवास पर बुलाया है. तेजस्वी अपने पिता लालू यादव से बातचीत कर रहे हैं. बता दें कि फिलहाल बिहार की राजनीति में बदलाव के संकेत साफ मिल रहे हैं. गांधी मैदान में आयोजित गणतंत्र दिवस समारोह में नीतीश कुमार और तेजस्वी यादव के बीच की दूरी साफ-साफ दिखी भी थी. ऐसे में लालू यादव ने भी परिस्थितियों को भांप लिया है और सक्रिय हो गए हैं.

हालांकि, उनके पास विधायकों की संख्या अभी बहुमत से कम है और राजद, कांग्रेस और वाम दल के साथ एआईएमआईएम एवं निर्दलीय मिलाकर 116 तक ही आंकड़ा पहुंचता है. लेकिन एक पहलू यह भी है कि राजद के कोटे से स्पीकर अवध बिहारी चौधरी हैं. ऐसे में लालू यादव की सक्रियता काफी कुछ सियासी कहानी रच सकती है.

गौरतलब है कि इससे पहले सुशील कुमार मोदी ने भी दिल्ली में मीडिया से बातचीत करते हुए कहा कि राजनीति में बंद दरवाजे खुल सकते हैं. जाहिर है सुशील मोदी का यह बयान सीधा-सीधा इशारा नीतीश कुमार को लेकर ही था. हालांकि, उन्होंने सरकार बनने की संभावना को लेकर कुछ भी नहीं कहा.