मुजफ्फरपुर : नगर निगम ने डीएम को शहरी क्षेत्र के विस्तारीकरण पर हुई आ’पत्तियों का जवाब सौंप दिया है। इसके साथ ही ग्रेटर मुजफ्फरपुर का सपना साकार होने के पास पहुंच गया है।
सरकार ने शहर से सटी पंचायतों को निगम क्षेत्र में शामिल करते हुए ग्रेटर मुजफ्फरपुर बनने के प्रस्ताव को मंजूरी देते हुए लोगों से आ’पत्ति मांगी थी।
सरकार के इस निर्णय पर छह लोगों ने आ’पत्ति द’र्ज कराई। इसका निराकरण करते हुए जवाब नगर आयुक्त विवेक रंजन मैत्रेय ने डीएम को भेज दिया है।
नगर आयुक्त के अनुसार यह फैसला कार्यपालक प्रक्रिया के तहत लिया गया है। काफी पहले से इसकी कवायद चल रही थी। विस्तारीकरण के निर्णय को लेकर प्रशासनिक कमेटी का गठन किया गया था, जिसकी रिपोर्ट और पूर्व में लोगों द्वारा दिए गए दावा-आ’पत्ति की सुनवाई करने के बाद लिया गया है।
जिस क्षेत्र को शामिल किया गया है वह अब शहर का रूप ले चुका है। काफी कम भूमि अब कृषि योग्य है। आ’पत्ति करने वालों का कहना था कि अभी हाल ही में पंचायत का चुनाव हुआ है।
पांच सालों के लिए मुखिया, सरपंच, पंचायत समिति सदस्य से लेकर अन्य पदों के लिए चुनाव हुआ है। शपथ भी पांच साल का कार्यकाल पूरा करने के लिए दिलायी गयी है। ऐसे में अचानक शहर का विस्तार कर पंचायत क्षेत्र को नगर निगम में शामिल करने का निर्णय लेना उचित प्रतीत नहीं होता है।


