बगहा (वाल्मिकीनगर)। वीटीआर से निकलकर आए दिन जंगली जानवर रिहायशी क्षेत्र में पहुंच रहे हैं। इस बार वीटीआर से भटक कर एक तें’दुआ ठाकरा प्रखंड के हरपुर पंचायत के पुराना गांव के समीप पहुंच गया है। तें’दुए को देखकर लोगों के अंदर ड’र व्या’प्त हो गया है।
सूचना पर पहुंची वन विभाग की टीम तें’दुए की ट्रेकिंग करने में लगी हुई है। तेंदुए की गतिविधियों पर नजर रखने के लिए एक नि’गरानी दल का गठन किया गया है। जिसकी लगातार मॉ’निटरिंग की जा रही है।
हालांकि गन्ना के खेत होने के कारण ट्रैकिंग करने में काफी परेशानी हो रही है। लेकिन वन विभाग की टीम तेंदुए की ट्रैकिंग में जुटी हुई है ताकि कोई अनहोनी ना हो। वही ग्रामीणों का कहना है कि तेंदुए को देखकर गांव के लोग खेतों की तरफ नहीं जा रहे हैं। गेहूं बुवाई और गन्ने की कटाई का सीजन चल रहा है। ऐसे में खेतों की तरफ जाने से ड’र लगने लगा है।
जिस जगह पर तें’दुआ दिखाई दिया है वह जगह वीटीआर से तकरीबन सौ किलोमीटर की दूरी पर स्थित है। ऐसे में तेंदुए का इतना दूर चले जाना विभाग के लिए परेशानी खड़ा कर दिया है। विभाग बिना तेंदुए को नु’कसान पहुंचाए वीटीआर में लाने का प्रयास कर रही है।
वाल्मीकि टाइगर रिजर्व में तेंदुआ की संख्या 100 के पार पहुंच गई है। ऐसे में आए दिन तें’दुआ जंगल के आसपास के रि’हायशी क्षेत्रों में दिखाई देते हैं। लेकिन इस बार एक तें’दुआ काफी लंबा दूरी तय कर लिया है।
वाल्मीकि टाइगर रिजर्व के बगहा परिक्षेत्र के रेंजर सुनील कुमार ने बताया कि वीटीआर का खुला क्षेत्र होने की वजह से तेंदुआ या अन्य जानवर भोजन की तलाश में जंगल से कभी-कभी भ’टक जाते हैं।
सूचना मिलने के साथ हैं वन कर्मियों की टीम की तै’नाती कर दी गई है। वही खेतों की तरफ अकेले नहीं निकलने की लोगों से अपील की जा रही है। उन्होंने कहा कि लोग समूह के साथ ही खेतों में जाए। ताकि किस प्रकार की अ’नहोनी से बचा जा सके।


